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64 ग्राम सोने के बराबर कीमत में बिके सिर्फ दो आम, जापान में हुई नीलामी
17 Apr 2015 IST
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क्या mango सोने से महंगे हो सकते हैं। अगर नहीं तो हम आपको बताते हैं कि दो आम की कीमत 1 लाख 62 हजार रुपए है। जापान में दो आम की कीमत 64 ग्राम सोने के बराबर आंकी गई। सुनने में थोड़ा अजीब जरूर लगता है, लेकिन ये हुआ है। जापान के एक अखबार में छपी खबर के मुताबिक पिछले हफ्ते दो आम की निलामी रिकॉर्ड 3 लाख जापानी येन में हुई है।
भारतीय रुपए में कीमत 1 लाख 62 हजार
जापानी येन में बिके दो आम की कीमत 3 लाख येन है। अगर इसकी कीमत अमेरिकी डॉलर में आंके तो 6211 डॉलर। वहीं, ब्रिटिश पाउंड में कीमत 1760 पाउंड, 3367 ऑस्ट्रेलियाई डॉलर, 16,186 चीनी युआन है। भारतीय रुपए में यदि इनकी कीमत देखी जाए तो ये करीब 162888 रुपए है।
64 ग्राम सोना खरीद सकते हैं भारतीय निवेशक
यह आम की एक जोड़े के लिए एक आश्चर्यजनक कीमत है। अगर इसकी तुलना दुनिया की सबसे कीमती धातु में से एक सोने की जाए या फिर सीधे शब्दों में कहें तो दो जापानी आम की कीमत में भारतीय निवेशक 64 ग्राम सोना खरीद सकते हैं। दो आमों को बेचकर 64 ग्राम सोना खरीदना अविश्वसनीय है, लेकिन यह सच है।
दक्षिणी जापान में आम की खेती करना बहुत महंगा है। एक रिपोर्ट के मुताबिक जापान में तापमान बेहद कम होने से इस पैदा करने के लिए वास्तव में किसानों को बहुत ही कठिनाइयों का सामना करना पड़ा है। इस आम की वेराइटी बहुत ही दुर्लभ है जिसके कारण ऐसी कीमत मिली है।
कीटनाशकों के चलते खराब होते हैं फल और सब्जी
खेती के बारे में कई बार बड़े सवाल उठते हैं। फलों और सब्जियों सहित अच्छी गुणवत्ता वाली एग्री कमोडिटी महंगी होती जा रही हैं और इसकी मुख्य वजह उत्पादन के लिए किसानों द्वारा खतरनाक कीटनाशकों का उपयोग है। फल, सब्जियों और अनाज में कीटनाशकों के अत्यधिक प्रयोग दुनिया के दो सबसे अधिक जनसंख्या वाले देशों-चीन और भारत में चिंता का एक प्रमुख कारण है। हाल ही में, पर्यावरण समूह ग्रीनपीस ने कहा है कि चीन के गुआंगजो प्रांत में कीटनाशक का स्तर अत्यधिक हैं। इस प्रांत में कीटनाशक का प्रयोग 2007-2011 के दौरान 12 फीसदी की दर से बढ़ी है।
पिछले साल, एक अंतरराष्ट्रीय स्वास्थ्य समूह ने भारत पर आरोप लगाया था कि उर्वरकों और कीटनाशकों के ज्यादा प्रयोग से देश में लोगों के स्वास्थ्य को नुकसान पहुंच रहा है। भारत में कैंसर की बीमारी, सब्जियों और फलों में कीटनाशकों के अत्यधिक प्रयोग से बढ़ रही है।
2020 तक कीटनाशक रोकना चाहता है चीन

चीन के कृषि मंत्रालय ने कहा कि देश में वर्ष 2020 तक कीटनाशकों और उर्वरकों के उपयोग में बढ़ोत्तरी को रोकने की योजना बना रही है। लेकिन ऐसा नहीं होता है तो चीनी आबादी का स्वास्थ्य खतरे में पड़ सकता है। वैश्विक बाजारों में फिर से महंगे आम बिकने का सिलसिला जारी रहेगा, क्योकिं अच्छी गुणवत्ता वाली कमोडिटी की कमी है। वहीं, लोग अच्छी चीजें खाना चाहते है। इसलिए हैरान मत होना अगर आने वाले दिनों में सब्जियां और फल सोने और हीरे के दामों में बिकने लगे।

 

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