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खतरनाक जंगल में 3 साल के बच्चे ने चॉकलेट के सहारे गुजारे 72 घण्टे
24 Sep 2016 IST
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मास्को।
बर्फीले साइबेरिया में भेड़ियों से भरे जंगल में तीन साल के एक बच्चे का 72 घण्टे तक चॉकलेट के सहारे अकेले जिन्दा रहना किसी चमत्कार से कम नहीं है। सेरिन डोपचट नाम का यह बच्चा फिलहाल अस्पताल में डॉक्टरों की देखरेख में है। मिली जानकारी के अनुसार दरअसल हुआ यूँ कि डोपचट अपने पालतु कुत्ते के साथ खेल रहा था, तभी अचानक लापता हो गया। उसकी तलाश में बड़ा अभियान चलाया गया और तीन दिनों बाद वह अपने गांव से तीन किलोमीटर दूर जंगल में मिला।

मीडिया जानकारी के अनुसार डोपचट ने बताया कि उसकी जेब में कुछ चॉकलेट थे, जिसे वह खाता रहा और एक बड़े पेड़ के नीचे रातें गुजारीं। उसे पेड़ पेड़ की जड़ों के बीच एक सूखा स्थान मिल गया, जहां वह इस बीच सोया करता। उल्लेखनीय है कि मंगोलिया सीमा से सटा टूवा नाम का यह इलाका भेड़ियों और भालुओं से भरा हुआ है। इस इलाके में भारी ठंड पड़ती है और तापमान 5 डिग्री सेल्सियस से भी नीचे गिर जाता है। ऐसे में इस बच्चे का यूं जिंदा मिलना चमत्कार जैसा ही है। प्रवक्ता डोलाना सैलचक ने बताया डॉक्टरों का कहना है कि बच्चे सदमे से उबर चुका है और उसकी स्थिति काफी हद तक संतोषजनक है। डोपचट को ठंड लगने के बावजूद उसे कोई दूसरी बीमारी नहीं हुई है।

 

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